सोमवार, 13 अप्रैल 2015

बज़्में अदब की 159 वीं नशिस्त



छेड़ दो ऐसी मधुर इक तान ‘राना’ तुम यहाँ -राना लिधौरी
(बज़्में अदब की 159 वीं नशिस्त हुई)
  Date-12-4-2015
टीकमगढ़//‘ इंदिरा कालोनी में केप्टन सत्तार आजाद के निवास पर तंजीम ‘बज़्में अदब’ की तरह मिस्रा ‘‘लब तरसते हैै हमारे मुस्कुराने के लिए’ ’ पर 159वीं माहाना तरही नशिस्त हुई जिसमें मेहमाने खुसूसी जनाब बिजावर से तशरीफ़ लाए शायर फरीद बेग रहे। जिसमें जबाव कारी अख्लाक, राजीव नामदेव ‘राना लिधौरी’, हाफि़ज आरिफ, हाजी अनवर’, चाँद मोहम्मद आखिर,बशीर फराज, शकील खान, अनवर खान, केप्टन सत्तार आजाद’, पूरनचन्द्र गुप्ता आदि शायरों ने अपने कलाम पेश किये।                                        ।                  
म.प्र.लेखक संघ के जिलाध्यक्ष शायर राजीव नामदेव ‘राना लिधौरी’ ने ग़ज़ल पेश की-
                                                 छेड़ दो ऐसी मधुर इक तान ‘राना’ तुम यहाँ।
                                                 सब मचल जाएँगें उसको गुनगुनाने के लिए।।

नशिस्त का संचालन शकील खान, ने किया एवं सभी का शुक्रिया अदा मेजवान केप्टन सत्तार आजाद ने किया। आगामी तरह मिस्रा ‘कहीं भी उनकी सुनवाई नहीं है’ दी गयी है।                                                    खबरनबीस- राजीव नामदेव ‘राना लिधौरी’
                      अध्यक्ष म.प्र.लेखक संघ,टीकमगढ़,
मोबाइल-9893520965,       

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